बिजुरी में सनसनीखेज दोहरा हत्याकांड: प्रेम प्रसंग के विरोध में युवक और महिला की कुल्हाड़ी से मार कर हत्या, 6 घंटे में आरोपी गिरफ्तार
बिजुरी (अनूपपुर)।
थाना क्षेत्र के भालुगुडार में बीते गुरुवार-शुक्रवार की दरमियानी रात एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक युवक और अधेड़ महिला की कुल्हाड़ी से वार कर बेरहमी से हत्या कर दी गई। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए अंधी दोहरी हत्या की इस गुत्थी को महज़ 06 घंटे के भीतर सुलझा लिया है। आरोपी सुनील सिंह मार्को उर्फ नानकुनू (निवासी भालूमाड़ा) को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने उसके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली है।
इस तरह हुआ घटना का खुलासा
पुलिस के अनुसार, शुक्रवार (15 मई) सुबह लगभग 7:00 बजे भालुगुडार से डायल 112 को सूचना मिली कि एक व्यक्ति की हत्या हो गई है। सूचना मिलते ही बिजुरी पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। घटना स्थल पर सुरेन्द्र सोनी (35 वर्ष) और लल्ली बाई गोंड (48 वर्ष) के लथपथ शव मिले। सुरेन्द्र के सिर पर और लल्ली बाई के चेहरे पर किसी धारदार व भारी हथियार (कुल्हाड़ी) से गंभीर चोट के निशान थे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री जगन्नाथ मरकाम एवं एसडीओपी कोतमा श्रीमती आरती शाक्य के निर्देशन में विशेष टीम का गठन किया गया। वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए एफएसएल (FSL), डॉग स्क्वॉड और फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट्स की टीम को भी मौके पर बुलाया गया।
प्रेम प्रसंग और रंजिश बनी कत्ल की वजह
पुलिस की कड़ी पूछताछ में आरोपी सुनील सिंह मार्को ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी ने बताया कि वह पिछले 10-15 दिनों से भालुगुडार वार्ड क्र. 07 में अपनी भाभी की मां (मृतिका लल्ली बाई) के घर रहकर मजदूरी कर रहा था। मृतिका लल्ली बाई का पड़ोस के सुरेन्द्र सोनी के साथ प्रेम संबंध था, जो आरोपी सुनील को बिल्कुल पसंद नहीं था। सुनील ने पहले भी सुरेन्द्र को घर आने से मना किया था, जिस पर सुरेन्द्र ने उसे 'देख लेने' की धमकी दी थी। इसी बात को लेकर आरोपी रंजिश रखने लगा था।
आधी रात को दिया वारदात को अंजाम, साक्ष्य मिटाने की कोशिश
14 मई की रात करीब 11:30 बजे सुरेन्द्र सोनी अपनी प्रेमिका लल्ली बाई से मिलने उसके घर आया था। उस वक्त सुनील आंगन में सो रहा था। दोनों को अकेला देख सुनील ने हत्या की साजिश रची। सुनील ने कुल्हाड़ी लेकर सुरेन्द्र पर हमला कर दिया। सुरेन्द्र जान बचाकर भागा, लेकिन आरोपी ने उसे हीरालाल पनिका की बाउंड्री वॉल के पास पकड़ लिया और कुल्हाड़ी के पासा (उल्टे हिस्से) से सिर पर ताबड़तोड़ वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया।
चूंकि इस पूरी वारदात को लल्ली बाई ने देख लिया था, इसलिए गवाह मिटाने के उद्देश्य से आरोपी ने लल्ली बाई की भी कुल्हाड़ी और घूंसे मारकर हत्या कर दी। साक्ष्य छुपाने के लिए आरोपी ने लल्ली बाई के शव को परछी (बरामदे) से उठाकर कमरे के अंदर रख दिया और परछी में लगे खून के निशानों को गोबर से लीप दिया।
पुराना अपराधी है आरोपी
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी सुनील सिंह मार्को हिंसक प्रवृत्ति का है। इससे पहले भी उसने अपनी पत्नी को इस कदर प्रताड़ित किया था कि उसने आत्महत्या कर ली थी। इस मामले में आरोपी के खिलाफ थाना भालूमाड़ा में दहेज मृत्यु का मामला दर्ज था और वह दो साल जिला जेल अनूपपुर में भी काट चुका है।
सराहनीय भूमिका
इस अंधे कत्ल की गुत्थी को चंद घंटों में सुलझाने में बिजुरी थाना प्रभारी निरीक्षक विकास सिंह, सउनि कमलेश तिवारी, उदय प्रजापति, प्रदीप अग्निहोत्री, प्रभाकर पटेल, विपिन बिहारी राय, प्रधान आरक्षक बसन्त कोल, सतीष मिश्रा, और आरक्षक लक्ष्मण डांगी, विश्वजीत मिश्रा, रवि सिंह, प्रभाकर त्रिपाठी, अभिषेक शर्मा, करमजीत सिंह, मनोज उपाध्याय व महिला आरक्षक संगम तोमर की मुख्य भूमिका रही। वरिष्ठ अधिकारियों ने टीम की त्वरित कार्रवाई की सराहना की है।


